बिजली के टूटे तार ने ली मजदूर की जान, शिकायत के बाद भी सुधार नहीं करने पर तीन बिजलीकर्मियों पर FIR
पिपलाकछार में खेत की फेंसिंग में दौड़ा करंट, एक की मौत और दो घायल; जांच में लापरवाही सामने आने पर कार्रवाई
खैरागढ़. पिपलाकछार में खेत की फेंसिंग तार में करंट आने से मजदूर धनसाय पटेल की मौत के मामले में पुलिस ने विद्युत विभाग के तीन कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। पुलिस जांच के अनुसार खेत के पास से गुजर रही विद्युत लाइन का अर्थिंग तार टूटकर नीचे गिर गया था और डेमन साहू के खेत में लगी फेंसिंग तार से संपर्क होने के कारण उसमें करंट प्रवाहित हो रहा था। जांच में यह भी सामने आया कि टूटे तार और करंट की शिकायत विद्युत वितरण केंद्र पांडादाह में पहले ही की जा चुकी थी, इसके बावजूद समय पर सुधार नहीं किया गया। 10 जुलाई 2026 को धनसाय पटेल खेत में रोपा लगाने पहुंचे मजदूरों के साथ काम कर रहे थे। भोजन अवकाश के दौरान चंपाबाई साहू फेंसिंग तार पार करने के दौरान करंट की चपेट में आ गईं। उन्हें बचाने पहुंचे सीमनदास साहू और धनसाय पटेल भी करंट की चपेट में आ गए। बाद में टूटे विद्युत तार को लकड़ी से हटाने पर करंट का प्रवाह बंद हुआ, लेकिन अस्पताल पहुंचने पर चिकित्सकों ने धनसाय पटेल को मृत घोषित कर दिया।
पुलिस की एफआईआर में बताया गया है कि घटना से पहले 19 मई 2026 को चेतन साहू ने सीएम हेल्पलाइन के माध्यम से तथा 8 जून 2026 को प्रहलाद पटेल ने विद्युत वितरण केंद्र पांडादाह पहुंचकर टूटे तार की सूचना दी थी। शिकायत पंजी और सहायक अभियंता के प्रतिवेदन के आधार पर पुलिस ने विद्युत वितरण केंद्र पांडादाह के कनिष्ठ अभियंता अतुल सिंह गहरवार, लाइनमेन परिचारक टिलेन्द्र कुमार ठाकुर और बाह्य कर्मचारी धर्मेन्द्र यादव पर समय रहते मरम्मत नहीं कराने का आरोप दर्ज किया है। एफआईआर में कहा गया है कि शिकायत मिलने के बाद भी विद्युत तार की मरम्मत नहीं किए जाने के कारण यह घटना हुई। तीनों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 106(1), 125(क) और 3(5) के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना में लिया गया है।




